Showing posts with label Hindi. Show all posts
Showing posts with label Hindi. Show all posts

Repotting Aloe Vera Pups - कोरफडीची नवीन रोपे कशी तयार कराल?




गेल्या आठवड्यामध्ये मी *कोरफडीच्या रोपाची काळजी कशी घ्यावी ?* याबद्दल माहिती लिहिली होती. 

ही माहिती तुम्ही इथे वाचू शकता . 👇👇

कोरफडीच्या रोपांची काळजी कशी घ्याल ?

तुम्हा सर्वांचा खूप छान प्रतिसाद मिळाला. त्याबद्दल मनापासून आभार.

माझ्या कोरफडी ला भरपूर छोटी रोप आली होती. म्हणून मी त्याचे वेगवेगळ्या कुंड्यात repotting केले. सध्या तरी ७ नवीन 

कोरफड रोपे तयार झाली. अजून ही बरीच होतील. 

जर तुमचे कोरफड सुदृढ आणि आनंदी असेल तर त्याच्या आजबाजूला नक्की नवीन रोपे येतील. 

फोटो १ : मुख्य रोप आणि सोबत नवी उगवलेली रोपे


Mother Aloe Vera पासून तिचे pups वेगळे लागवड करताना काय काळजी घ्यावी लागते याबद्दल थोडेसे ....

१. रोपे भरपूर आली असतील तरच repotting साठी वेगळे काढा.

२. मुख्य रोप म्हणजे mother plant ला अजिबात हलवू नका.

३. Pups वेगळे काढताना त्याच्या बाजूची माती हलकी करून घ्या. Repotting करावयाचे रोप खालच्या बाजूने मुळासहित उचलणे खूप गरजेचे आहे . या रोपाची सर्व मुळे त्याच्यासोबत वर आली पाहिजे. 

४. जर लहान रोपे एकमेकात गुंतली असतील तर वरच्या बाजूने हलके दाब देवून / मातीला छेद देवून वेगळी करून घ्या.

५. वेगळी केलेली रोपे मी खाली फोटोमध्ये दाखवली आहेत. 

६. एकवेळी थोडीच रोपे काढून घ्या. मुख्य रोपाला पूर्ण एकटे करू नका.


७. नवीन कुंडीत लावताना पहिला मातीचा थर मग १ चमचा शेणखत , यावर अजून एक मातीचा थर आणि मगच मुख्य झाडापासून वेगळे केलेले रोप लावा.

८. बाजूने माती भरून हाताने दाबून घ्या. आजूबाजूची माती सैल पडली तर रोप सरळ उभे राहणार नाही.

९. पाण्याचा निचरा होण्यासाठी  खाली छेद असणारी च कुंडी निवडा. कोरफड ला पाण्याचा निचरा खूप गरजेचे आहे

१०. २-४ इंच उंचीची कुंडी पुरेशी आहे. 




११. लागवड केलेल्या नवीन रोपाला पाहिले १ आठवडा घराच्या आत राहू द्या. फार जास्त थंडी / जास्त ऊन लगेच सहन होणार नाही.

१२. पाणी आठवड्यातून १/२ वेळा द्या. ते ही मातीचा वरचा थर सुकल्यावर.


माझ्या एका रोपाची सध्या ८ रोपे झाली. कुठलीही वेगळी काळजी न घेता. निसर्ग भरभरून देतो. घ्यायला शिका 😊🙏



फोटो  :  उरलेले मुख्य रोपं




~ अमृता पेडणेकर




झूठी हँसी


ना हमने आपसे 
कभी शिकायत कियी ,न करेंगे ।
कितानिभी तकलीफे हो 
हमतो हसते रहेंगे 

हसनेकी हमें 
आदतसी हो गयी है ।
रोनेवाली आंखे 
कभीकी खो गयी है ।

हम हसते रहेंगे 
यकीं है ... एक दिन जिंदगीभी मुस्कुराएगी 
रुठेहुए ख्वाब , टुटेहुए सपने 
वापस ले आएगी 

वो फिर से पुरे हो
हम नहीं कहेंगे 
पर एक ख्वाइश जरुर है
रोकर जुदा हुए है 
फिर एक बार ..हसकर गले मिलेंगे 

फिर चाहे लौट जाना 
हम नहीं रोकेंगे 
पर आपकी जुदाई में 
सो भी नहीं सकेंगे 

एक आंसू नहीं गिराएंगे 
मगर इन आंखोंसे 
छुपाते रहेंगे गम 
दुनिया वालोंसे 

झूठी हँसी आप भी सिख लीजिये 
नहीं देख सकते आपको रोता 
अगर रोकर भुलाई जाती यांदे 
तो हसकर कोई गम न छुपाता    

शायद ....

आज मूड एकदम शायरीचा आहे  :)

उनके सिवा कोई मेरे जजबात में नहीं 
आंखोमे वो नमी  है जो बरसात में नहीं 
पानेकी उन्हें कोशिश बहोत कियी 
शायद .... 
वो लकीर ही हमारे हाथ में नहीं 

तड़पता है दिल कोई दवा भी नहीं 
बस ... हमारे लिए छोटीसी दुआ भी नहीं 
जिंदगी के बदले खुदा से माँगा है उसे 
शायद ... 
इतनी बड़ी ताकद हमारे प्यार में नहीं 

दूर जाना चाहा पर मंजर ही नहीं 
साथ चलने के लिए मंजिल एक नहीं 
हर मोडपर करते है इंतजार उनका 
शायद ....
उनको पाना हमारे तकदीर में नहीं 

बिना उनके बिताया एक पल भी नहीं 
भूल जाते मगर दूसरा दिल भी नहीं 
धड़कन थमी है आज उनके बगैर 
शायद ....
हमारे लिए खिलाहुआ वो फुल ही नहीं 

बाकि की जिंदगी हमें रास नहीं
कैसे जियेंगे हम जब वो पास नहीं 
सांसेतक तोडनेको तैयार बैठे है 
शायद ....
मोहोब्बत हमारी कुछ खास नहीं 

आजसे हम तो जी ही नहीं पाएंगे 
उनके तारीफ के नगमे भी नहीं गायेंगे 
क्या कमी रह गयी हमारी दुआ में 
खुदासे इसका जवाब लेके जाएँगे 

जिन्दगीमे मोहोब्बत एक ही बार होती है 
रुकीहुई सांसभी उनके सुर में गाती है
हाथोंकी लकीर जब खो जाती है 
ऐसे लगता है जैसे ...
धड़कन की आवाज भी उनका नाम लेती है 

सच्चे प्यार की हार नहीं होती 
ऐसी खुदाई बारबार नहीं होती 
जब भी खुदा से मुराद मंगाते है ... लगता है 
शायद ....
मांगनेमें हमसे कभी देर नहीं होती 

आजके बाद वो साथ नहीं होंगे 
हमको संभालनेवाले वो हाथ नहीं होंगे 
हमने तो कोई बेवफाई नहीं कियी 
पर शायद ....
वफाके फसलोंके यहाँ खेत नहीं होते 

बस ...इतनिसी दुआ है 
हमारी यदोंसे 
उनको आजाद कर दे
किसी दुसरे का ही सही ,
मगर उन्हें सच्चा प्यार दे दे 
उनके दामन में हर ख़ुशी भर दे 
चाहे तो हमारी एक ख़ुशी 
उनके किये कम कर दे 

आप क्या जाने...........

टूटेहुए दिलसे आवाज आती है 
तनहाई में आसुंओ की बरसात होती है 
आप क्या जाने .....मौत क्या होती है ?
हमारी तो आखरी साँस भी 
आपके लिए जीती है 

सिमटेहुए  लम्होसे यादें छुट जाती है 
हमारी हसी भी हमसे रूठ जाती है 
आपको छूकर आयी  हवासे अक्सर 
हमारी नींद टूट जाती है 

झुकीहुई पलाकोमे बेकरारी नहीं होती 
हर एक ग़ज़ल प्यारी नहीं होती 
आप क्या जाने .....महफ़िल क्या होती है 
जो अपनोंके बिना पूरी नहीं होती 

आप क्या जाने 
     बेवफाई किसे कहते है 
आप क्या जाने 
     तकलीफ  किसे कहते है 
आहट भी नहीं इनकी 
     पहुचेगी आपतक 
क्योंकि 
    आप तो हमारे दिल में रहते है 


मुड़कर न देखना.....

प्यार तो हजारोसे पाओगे 
खुशबू नजारोसे लाओगे 
हमें ढून्डते हुए मगर 
कहा तक जाओगे ?

हमें मत पुकारना 
आवाज नहीं देंगे 
क्या पता आपसे 
बहोत दूर होंगे 

आखोंमे यादो की नमी
पलाकोंको रुला देगी 
दिलमे हमारी कमी 
आपकोही गिला देगी 

दुनियाकी मुस्कराहट कही 
कम सी लगेगी 
एक अधुरिसी शाम 
गम सी लगेगी 

याद आ अगर 
तनहाईमें कही 
प्यारभरी हमारे लिए 
मुस्कराहटही सही 
  
लौट जाओ यहासे 
आगे चल नहीं सकेंगे 
हमारी तलाशमे कभी 
चलातेहुए रुकोगे 

थक गए तो पल्कोंको 
आखोंसे मिला लेना 
दिलकी आवाजसे हमें 
एकबार बुला लेना 

हम आयेंगे जरुर 
अगर अभी आ सके तो 
हमारेलिये फिरसे एकबार गाना 
अगर गा सके तो 

बिना अलविदा कहे जाओगे 
तो हम रूठ जाएँगे 
आपके जानेके बाद 
कसमसे...... टूट जाएँगे 

पर मुड़कर न देखना 
जा नहीं पाओगे 
रो पड़े  हम गलतीसे कही 
तो वापस आ भी नहीं पाओगे 


तो.... ये मत समझना

शिकायत करते नहीं , तो ये मत समना 
हमें तकलीफ नहीं होती
समजा दिया है आसुओंको 
वो आपके सामने , गलती से भी नहीं रोती

पेश करते नहीं तो ये मत समना  
शायरी करना नहीं आता
तारीफ कैसे करे ???
आपका अलफास तो होठोसे जाहिर किया नहीं जाता 

हसी दिखाते नहीं तो ये मत समना  
हम खुशीसे दूर है 
हमारी मुस्कुरहटे तो 
किसीकी नजरोके प्यारभरे नूर है 

क़यामत होती नहीं तो ये मत समना  
दुवा करना भूल गए
अगर आप खुश हो 
तो समजेंगे ... हमारे हर फरियाद कुबूल हो गए 

मोहोबत करते नहीं तो ये मत समना  
हमारे पास दिल ही नहीं 
न जाने क्या लिखा है तक़दीर में 
तबतक आपसे दोस्ती ही सही 

कभी आखोमे आसू आये तो ये मत समना  
दोस्ती कम हो गयी 
दर्द तो हमें हुआ 
बस ... तकलीफ से आपकी पलकें नम हो गयी 

वो तो..

वो तो पानी कि बूंद है ,जो आखोसे बरस जाए 
आसू तो वो है 
जो तड़प कर आख में ही रह जाए 

वो प्यार ही क्या, जो लब्जोमे बया हो 
प्यार तो वो है 
जो अखोमे नजर आए 

वो तो बिता हुआ कल है, जो हमसे बिछड़ जाए
यादे तो वो है 
जो  दिलमे प्यास बनकर रह जाए

वो शाम ही क्या, जो यादोमे डूब जाए
शाम तो वो है 
जो यदोसे खुबसूरत नगमे बनाए 

वो तो दहलीज है जो अपनोसे दूर करे
दुरिया तो वो है 
जो हरपल, मिलाने को मजबूर करे

वो रात ही क्या ,जो सपनोमे सो जाये 
रात तो वो है 
जो अन्धेरेमेभी किसीके याद में खो जाए

वो तो हवा है, जो डाली से लिपटी रहे 
बहार तो वो है
जो हर फुलको खिलानेपे मजबूर करे 

वो दिल ही क्या, जिसमे दर्द ना हो 
दिल तो वो है 
जो दर्द में भी मुस्कुराया हो 

Tried something in Hindi. किती जमलंय .... माहीत नाही